
संवाददाता
श्रीनगर। सालाना श्री अमरनाथ यात्रा 2026 के लिए तीर्थयात्रियों का पहला जत्था गुरुवार को कश्मीर घाटी पहुंचा, जहां उनका गर्मजोशी से स्वागत किया गया. अधिकारियों ने बताया कि कई लेवल के सिक्योरिटी इंतजाम के बीच श्रद्धालु उत्साह से आगे बढ़ रहे हैं.
4,800 से ज़्यादा तीर्थयात्रियों के जत्थे को दिन में पहले लेफ्टिनेंट गवर्नर मनोज सिन्हा ने जम्मू के भगवती नगर यात्री निवास से हरी झंडी दिखाकर रवाना किया. अधिकारियों ने बताया कि जैसे ही काफिला कश्मीर पहुँचा, घाटी में अलग-अलग जगहों पर तीर्थयात्रियों का जोरदार स्वागत हुआ.
अधिकारियों ने बताया कि जब तीर्थयात्री मल्टी-टियर सिक्योरिटी कवर के तहत दक्षिण कश्मीर के कुलगाम जिले के काजीगुंड इलाके में नवयुग टनल से घाटी में दाखिल हुए तो उनका गर्मजोशी से स्वागत किया गया. सीआरपीएफ के इंस्पेक्टर जनरल, दक्षिण कश्मीर रेंज के डीआईजी जाविद इकबाल मट्टू और कुलगाम के डिप्टी कमिश्नर शहजाद आलम समेत सिक्योरिटी और सिविल एडमिनिस्ट्रेशन के अधिकारियों ने तीर्थयात्रियों का माला, फूलों के गुलदस्ते और पंखुड़ियों से स्वागत किया.
बाद में तीर्थयात्री बालटाल और पहलगाम बेस कैंप की ओर जाने के लिए अलग हो गए, जहाँ से वे शुक्रवार सुबह 3,880 मीटर ऊँचे अमरनाथ गुफा मंदिर के लिए आगे की यात्रा शुरू करेंगे. अधिकारियों ने बताया कि पहलगाम एक्सिस से यात्रा करने वाले तीर्थयात्री बेस कैंप नुनवान, पहलगाम पहुंचे, और अनंतनाग के डिप्टी कमिश्नर (यात्रा अधिकारी) बिलाल मोहिउद्दीन भट, एसएसपी आमोद अशोक नागपुरे, कैंप डायरेक्टर अतुल कुमार, और सिविल और पुलिस प्रशासन के सीनियर अधिकारियों और अलग-अलग सामाजिक-धार्मिक संगठनों के प्रतिनिधियों ने उनका स्वागत किया.
श्रीनगर पहुंचने पर बालटाल एक्सिस से यात्रा करने वाले यात्रियों का पंथा चौक बाईपास पर श्रीनगर के डिप्टी कमिश्नर अक्षय लाबरू और एसएसपी संदीप चक्रवर्ती ने स्वागत किया. अधिकारियों ने तीर्थयात्रियों के पहुंचने पर उनका स्वागत किया और उन्हें सुरक्षित और आध्यात्मिक रूप से पूरी यात्रा के लिए शुभकामनाएं दीं. इसी तरह बांदीपोरा और गांदरबल जिलों में भी तीर्थयात्रियों का शानदार स्वागत हुआ.
अधिकारियों ने बताया कि बांदीपुरा के शादीपोरा ट्रांजिट कैंप में तीर्थयात्रियों का गर्मजोशी से और पारंपरिक तरीके से स्वागत किया गया. नॉर्थ कश्मीर रेंज के डिप्टी इंस्पेक्टर जनरल ऑफ पुलिस विनोद कुमार, डिप्टी कमिश्नर इंदु कंवल चिब और एसएसपी एजाज अहमद जरगर ने यात्रियों को फूल देकर और सुरक्षित और आध्यात्मिक रूप से पूरी यात्रा के लिए शुभकामनाएं देकर उनका स्वागत किया.
गंदरबल के बालटाल बेस कैंप में श्रद्धालुओं का गंदेरबल के डिप्टी कमिश्नर जतिन किशोर, डीआईजी (आर्म्ड) कश्मीर मकसूद-उल-जमान, गंदेरबल एसएसपी सुधांशु धामा और स्थानीय समुदाय के सदस्यों ने मिलकर भक्ति और उत्साह के माहौल में गर्मजोशी से स्वागत किया.
अधिकारियों ने कहा कि डिप्टी कमिश्नर ने तीर्थयात्रियों से तय गाइडलाइंस का पालन करने, अधिकारियों के साथ सहयोग करने और अपनी सुरक्षा और सुविधा के लिए रास्ते में बनी सुविधाओं का इस्तेमाल करने की अपील की. 57 दिन की तीर्थयात्रा 3 जुलाई को शुरू होगी और 28 अगस्त को खत्म होगी. भक्त अनंतनाग में पारंपरिक 48 किलोमीटर के नुनवान-पहलगाम रूट या गंदेरबल जिले में छोटे 14 किलोमीटर के बालटाल रूट से जा सकते हैं.



