
संवाददाता
नई दिल्ली। किसी भी राजनीतिक संगठन की असली परीक्षा उसके नारों से नहीं, बल्कि जनता के बीच उसकी स्वीकार्यता से होती है। कॉकरोच जनता पार्टी यानी CJP को लेकर सामने आ रही घटनाएं अब इसी स्वीकार्यता पर बड़ा सवाल खड़ा कर रही हैं। कॉकरोच जनता पार्टी के खिलाफ अब देश के अलग-अलग हिस्सों में लोगों का गुस्सा देखने को मिल रहा है। जयपुर ग्रामीण में शुक्रवार (21 अगस्त) को सीजेपी के खिलाफ ऐसा ही आक्रोश देखने को मिला। सीजेपी प्रवक्ता आशुतोष रांका और उनके साथियों के साथ मारपीट और महिला समर्थकों पर मिट्टी फेंकी गई। यह पहली बार नहीं है, जबकि जनता ने सीपेजी को निशाना बनाया हो। इससे पहले पिंकसिटी में ही सीजेपी संस्थापक अभिजीत दीपके को थप्पड़ मारे गए थे। दीपके पर जंतर-मंतर पर स्याही फेंके जाने और थप्पड़ मारने की कोशिश से लेकर जबलपुर में विरोध-प्रदर्शन तक, विवादों की यह श्रृंखला थमने का नाम नहीं ले रही है। दूसरी ओर उत्तर प्रदेश से सामने आया मामला तो इस पूरे घटनाक्रम को और विचित्र बना देता है, जहां पार्टी में शामिल होने से इनकार करने वाले एक सरकारी डॉक्टर के साथ सीजेपी वर्कर ने मारपीट कर दी। सवाल यह है कि CJP के खिलाफ यह आक्रोश आखिर क्यों बढ़ रहा है ? दरअसल, यह महज राजनीतिक विरोध नहीं, बल्कि सीजेपी की कार्यशैली के खिलाफ गहरे जन-असंतोष का संकेत है।
CJP प्रवक्ता रांका को जनता ने दौड़ा-दौड़ा कर पीटा
कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) प्रवक्ता आशुतोष रांका और उनके साथियों पर जयपुर में हमला हुआ है। रांका बिना किसी पॉवर या अथॉरिटी के ही सुबह 10 बजे जयपुर जिले में स्थित बगरू के राजकीय प्राथमिक स्कूल रामपुरा कंवरपुरा का निरीक्षण करने पहुंच गए। तभी ग्रामीणों ने उन्हें और उनके साथियों को दौड़ा-दौड़ा कर पीटा और वहां से खदेड़ दिया। उनकी शर्ट फाड़ दी। ग्रामीणों में सीजेपी कार्यकर्ताओं को लेकर इतना आक्रोश था कि रांका के साथ मौजूद महिला समर्थकों पर गांव की महिलाओं ने मिट्टी फेंकी। ग्रामीणों ने उन्हें गांव से बाहर निकाल दिया। इस धक्का-मुक्की में कुछ लोगों को मामूली चोटें आई हैं। CJP के विरोध में नारे लगाते हुए ग्रामीण सरकारी स्कूल के बाहर धरने पर बैठ गए। उन्होंने गांव के मुख्य रास्ते पर ट्रैक्टर-ट्रॉली खड़ी कर घेराबंदी कर दी और आने-जाने वाली गाड़ियों की जांच शुरू कर दी।
ग्रामीण बोले- 250 ‘कॉकरोच’ सरिए-आरी लेकर आए
ग्रामीण जुगल किशोर शर्मा के मुताबिक ग्रामीणों ने कुछ नहीं किया है। वे सीजेपी के लोग ही सरिए-आरी लेकर आए। कम से कम 200-250 लोग थे। हमने उन्हें कोई चोट नहीं पहुंचाई। उन्होंने खुद अपनी गाड़ी तोड़ ली। हम यहां भाजपा या कांग्रेस के अलावा किसी को घुसने नहीं देंगे। ग्रामीणों का कहना है, ‘हम इस स्कूल को अपने स्तर पर ठीक करवा लेंगे। सरकार ने पहले से ही 12.50 लाख रुपए स्वीकृत भी कर रखे हैं। हम किसी भी बाहरी व्यक्ति को यहां नहीं आने देंगे। कॉकरोच यहां आकर गंदगी करना चाहते हैं, जिसे हम किसी भी सूरत में बर्दाश्त नहीं करेंगे।
कॉकरोच मुंह छिपाकर भागे, माहौल खराब नहीं होने देंगे
शिक्षा मंत्री मदन दिलावर ने कहा- बच्चों की शिक्षा में व्यवधान कौन बर्दाश्त करेगा। इसलिए विरोध हुआ। कॉकरोच मुंह छिपाकर भाग गए। कॉकरोच पहले भी जयपुर आकर ऐसी हरकत कर चुके हैं और जनता इसका जवाब देकर उनको मजा भी चखा चुकी है। राज्य में किसी भी स्थान पर स्कूलों की आड़ में माहौल खराब नहीं होने दिया जाएगा। दूसरी ओर CJP के फाउंडर अभिजीत दीपके ने कहा है कि अगर अगले 48 घंटों में स्कूल की मरम्मत का काम शुरू नहीं हुआ तो मैं जयपुर आऊंगा और स्कूल के सामने बैठा रहूंगा, जब तक स्कूल को ठीक कराने का काम नहीं किया जाता है।

आइए, अब देश के अलग-अलग हिस्सों में कॉकरोच जनता पार्टी के हो रहे विरोध पर एक नजर डालते हैं…
24 जुलाई 2026
स्थान – जबलपुर
कॉकरोच जनता पार्टी के खिलाफ रेड हिट जनता पार्टी
मध्य प्रदेश की संस्कारधानी जबलपुर में कॉकरोच जनता पार्टी के खिलाफ एक अनोखा विरोध प्रदर्शन देखने को मिला। कॉकरोच जनता पार्टी के आंदोलन के विरोध में मालवीय चौक पर ‘लाल हिट जनता पार्टी’ के नाम से प्रदर्शन किया गया। प्रदर्शनकारी हाथों में पोस्टर और लाल हिट की बोतलें लेकर पहुंचे और विरोध दर्ज कराया। इन युवाओं का कहना था कि धार्मिक आस्थाओं, राम मंदिर और साधु-संतों का कथित अपमान स्वीकार नहीं किया जा सकता। प्रदर्शन में शामिल लोगों ने बताया कि CJP के विरोध का तरीका बिल्कुल गलत है। उनका आरोप था कि शिक्षा व्यवस्था के मुद्दे की आड़ में सनातन परंपरा और धार्मिक प्रतीकों का अपमान किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि जबलपुर की संस्कृति धार्मिक सौहार्द और मर्यादा की रही है और इसे किसी भी कीमत पर आहत नहीं होने दिया जाएगा।

18 जुलाई 2026
स्थान – दिल्ली
दीपके पर महिला ने स्याही फेंकी, थप्पड़ मारने की भी कोशिश
कॉकरोच जनता पार्टी के संस्थापक अभिजीत दीपके पर स्याही फेंकी गई हैं। एक महिला ने उन पर स्याही फेंकी और थप्पड़ मारने की भी कोशिश की। दिल्ली के जंतर मंतर पर इस घटनाक्रम के बाद हंगामा मच गया। घटना का वीडियो सामने आया है, जिसमें नजर आ रहा कि कैसे महिला अचानक ही दीपके के पास पहुंची और स्याही फेंक दी। ये पूरा घटनाक्रम उस समय हुआ जब दीपके प्रदर्शन स्थल पर मौजूद लोगों से बातचीत कर रहे थे। दिल्ली के जंतर मंतर पर सुबह से ही काफी गहमागहमी देखने को मिली। सबसे पहले दिल्ली पुलिस ने मौके पर पहुंच कर 21 दिन से भूख हड़ताल कर रहे सोनम वांगचुक को उठाया और उन्हें सफदरजंग अस्पताल लेकर गई। जैसे ही ये घटनाक्रम हुआ तो अभिजीत दीपके ने खुद भूख हड़ताल पर बैठने का ऐलान किया। इसी बीच दिन में अचानक ही उन पर एक महिला ने स्याही फेंक दी।
15 जून 2026
स्थान – जयपुर
पिंकसिटी में दो महीने पहले CJP फाउंडर पर हुआ हमला
कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) के फाउंडर अभिजीत दीपके पर भी दो माह पहले जयपुर में हमला हुआ था। शहीद स्मारक पर अभिजीत नीट पेपर लीक, शिक्षा व्यवस्था, बेरोजगारी और युवाओं से जुड़े मुद्दों को लेकर प्रदर्शन में शामिल होने आए थे। यहां कुछ युवकों ने उन्हें थप्पड़ मारे। इसके बाद सीजेपी कार्यकर्ताओं ने उन्हें पकड़कर पीट दिया था। थप्पड़ मारने वाले रोहित शर्मा, राकेश गुर्जर,अजय शर्मा, कुलदीप सिंह शेखावत, निकेत के मुताबिक देश विरोधी गतिविधियों को किसी भी सूरत में बर्दाश्त नहीं किया जा सकता। दीपके ने हमले के बाद सोशल मीडिया पर जारी वीडियो में इसे उनके आंदोलन को कमजोर करने की कोशिश बताया।
7 जून 2026
स्थान – मऊ
यूपी में सीजेपी का सदस्य बनने से इनकार पर डॉक्टर को पीटा
एक ओर जहां देश के अलग-अलग हिस्सों में कॉकरोचों से विरोध-स्वरूप मारपीट हो रही है, वहीं उत्तर प्रदेश में इसका उल्टा हो गया। यहां पर एक कॉकरोच ने पार्टी में शामिल होने से इनकार करने पर एक डॉक्टर को ही पीटा। यूपी के मऊ में कॉकरोच पार्टी के नाम से जन्मी सोशल मीडिया की यह सनसनी गांव तक पहुंच गई। घोसी कोतवाली क्षेत्र के मझवारा मोड़ स्थित सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) में एक चौंकाने वाली घटना सामने आई। ईसीजी जांच कराने आए एक कॉकरोच ने पार्टी की सदस्यता लेने का दबाव बनाया। सरकारी चिकित्सक द्वारा सदस्यता लेने से इनकार करने पर युवक ने उनके साथ मारपीट कर दी। चेंबर में रखे सामान को क्षतिग्रस्त कर दिया और जान से मारने की धमकी देते हुए फरार हो गया। घटना से आक्रोशित चिकित्सकों और अस्पताल कर्मचारियों ने कोतवाली पहुंचकर तहरीर दी तथा आरोपी के विरुद्ध कड़ी कार्रवाई की मांग की।



