विशेष संवाददाता
नई दिल्ली। दिल्ली विधानसभा चुनाव के लिए 5 फरवरी को मतदान होना है। इसके लिए चुनाव आयोग और प्रशासन पूरी तरह से तैयार है। दिल्ली में एक करोड़ 56 लाख 14 हजार मतदाता हैं। इनके लिए आयोग ने 13,766 मतदान केंद्र बनाए हैं। इसके अलावा 8 फरवरी को होने वाली मतगणना के लिए 11 जिलों में 19 गणना केंद्र बनाए गए हैं।

दिल्ली की मुख्य निर्वाचन अधिकारी आर एलिस वाज़ ने आगामी विधानसभा चुनाव से जुड़ी तैयारी के बारे में पत्रकार वार्ता कर महत्वपूर्ण जानकारी दी। उन्होंने बताया कि चुनाव आयोग ने विधानसभा चुनाव के लिए सभी तैयारियां पूरी कर ली हैं। 5 फरवरी को होने वाले मतदान के लिए कुल 13,766 मतदान केंद्र बनाए गए हैं। इसके अलावा 733 सहायक मतदान केंद्र भी तैयार किए गए हैं।
उन्होंने बताया कि दिल्ली में मतदाताओं की कुल संख्या एक करोड़ 56 लाख 14 हजार है। इनमें से 83 लाख 76 हजार 173 पुरुष और 72 लाख 36 हजार 560 महिला मतदाता हैं। इसके अतिरिक्त 1,267 ट्रांस्जेंडर मतदाता, 12,736 सेवा मतदाता और 79,885 दिव्यांग मतदाता हैं। वहीं पहली बार मतदान करने वाले युवा मतदाताओं की संख्या 2,39,905 है। उन्होंने बताया कि ईपीआईसी (इलेक्टर्स फोटो आइडेंटिटी कार्ड) वितरण के लिए एक निर्धारित एसओपी बनाया गया है।
थीम आधारित मॉडल मतदान केंद्र
दिल्ली भर में कुल 210 मतदान केदो को एक सहज और मतदाता अनुकूल अनुभव सुनिश्चित करने के लिए उन्नत सुविधाओं से सूचित किया जाएगा।
महिला प्रबंध मतदान केंद्र
70 मतदान केंद्र प्रत्येक विधानसभा क्षेत्र में एक विशेष रूप से महिला कर्मचारियों द्वारा प्रबंध किए जाएंगे ।
दिव्यांग मतदान केंद्र
दिल्ली में 70 मतदान केदो का प्रबंधन और संचालन पूरी तरह से दिव्यांग व्यक्तियों द्वारा किया जाएगा जिससे चुनावी प्रक्रिया में समावेशिका और सशक्तिकरण को बढ़ावा मिलेगा।
युवा केंद्रित मतदान केंद्र
दिल्ली में कुल 70 मतदान केंद्र विशेष रूप से युवाओं की चुनावी प्रक्रिया में भागीदारी और सहभागिता को प्रोत्साहित करने के लिए स्थापित किए जाएंगे।
वोट फ्रॉम होम पहल में 85 साल आयु वर्ग के मतदाता में कुल 6488 वरिष्ठ नागरिक और 1051 दिव्यांग व्यक्ति शामिल हैं। जिन्होंने घर से मतदान करने का विकल्प चुना है। यह पहल समावेशी लोकतंत्र के लिए चुनाव आयोग की अटूट प्रतिबद्धता को दर्शाती है। सुश्री वाज ने कहा वरिष्ठ नागरिक को और दिव्यांगों के दरवाजे तक मतदान प्रक्रिया लाकर हम यह सुनिश्चित कर रहे हैं कि कोई भी मतदाता न छूटे।
मतदाताओं को बूथ परिसरों में आसानी से अपने मतदान केंद्र खोजने में सहायता करने के लिए सभी जिला चुनाव अधिकारी रंग कोड के अनुसार मतदान केंद्र स्थापित करेंगे। किसी विशेष मतदान केंद्र को सोपा गया विशिष्ट रंग कोड मतदाता सूचना पर्ची में विभाजित किया जाएगा। जिसे मतदाताओं को वितरित किया जा रहा है। इस पहल का उद्देश्य भ्रम देरी को कम करना और चुनाव के दिन एक सहज मतदान प्रक्रिया सुनिश्चित करना है।
AMF+ के तहत प्रमुख सुविधाओं में से एक रैंप का प्रावधान है। इसके अलावा जरूरतमंद मतदाताओं के लिए परेशानी मुक्त गतिशीलता सुनिश्चित करने के लिए 4217 व्हील चेयर उपलब्ध कराई जाएगी। मतदाताओं और कर्मचारियों के लिए उचित जाली योजन सुनिश्चित करने के लिए आरो सिस्टम और दिल्ली जल बोर्ड के टैंकरों सहित कई स्रोत के माध्यम से पीने के पानी की आपूर्ति की जाएगी।
किसी भी चिकित्सा आपात स्थिति के मामले में तत्काल सहायता प्रदान करने के लिए प्रत्येक मतदान केंद्र पर एक चिकित्सा दल तैनात किया जाएगा। इसके अतिरिक्त छोटे बच्चों वाले माता-पिता की सहायता के लिए एक क्रश सुविधा उपलब्ध होगी।
सी विजील ऐप को अब तक कुल 5244 शिकायतें मिली है जिनमें सबसे अधिक शिकायतें उत्तरी जिले की 1049 और सबसे कम शाहदरा की 136 दर्ज की गई है। यह ऐप नागरिकों के लिए चुनाव के दौरान आदर्श आचार संहिता के उल्लंघन की रिपोर्ट करने के लिए एक महत्वपूर्ण उपकरण के रूप में काम करना जारी रखता है जिससे अधिकारियों द्वारा प्रेषित कार्यवाही सुनिश्चित होती है।
दक्षता बनाए रखते हुए सभी शिकायतों के लिए औसत प्रतिक्रिया समय केवल 35 मिनट है जो 100 मिनट की अनु में सीमा से काफी बेहतर है।
कतर प्रबंधन प्रणाली एप और वेब पेज ( भारत में पहली बार) मतदाताओं को मतदान दिवस पर मतदान केदो पर वास्तविक समय की भीड़ के स्तर की निगरानी करने की अनुमति देता है। अक्सर मतदाता लंबी कतारों के कारण अपना वोट डाले बिना ही चले जाते हैं। इस ऐप के साथ लाइव भीड़ अपडेट तक पहुंच सकते हैं जिससे उन्हें मतदान केन्द्र तक पहुंचने की योजना बनाने में मदद मिलती है।
मुख्य निर्वाचन अधिकारी वाज ने बताया कि दिल्ली के निवासियों को मतदान के लिए प्रेरित करने के लिए दिल्ली के विभिन्न रेस्टोरेंट ने मतदान के अगले दिन अपना वोटिंग सही दिखाने वाले मतदाताओं को विशेष छूट देने पर सहमति व्यक्त की है।
मुख्य निर्वाचन अधिकारी आर एलिस वाज ने सभी दिल्ली वासियों से लोकतांत्रिक प्रक्रिया में उत्साह पूर्वक भाग लेने और 5 फरवरी को राज्य के लिए ऐतिहासिक दिन बनाने का आग्रह किया है।



