नई दिल्ली। दिल्ली नगर निगम में मेयर, डिप्टी मेयर और स्थायी समिति के सदस्यों के चुनाव को लेकर भारतीय जनता पार्टी ने अपने उम्मीदवारों की घोषणा कर दी है. पार्टी की ओर से जारी सूची के मुताबिक मेयर पद के लिए प्रवेश वाही, डिप्टी मेयर पद के लिए सोनिका पंत और स्थायी समिति के लिए जय भगवान यादव व मनीष चड्ढा को उम्मीदवार बनाया गया है.
मेयर पद के उम्मीदवार प्रवेश वाही रोहिणी-ई वार्ड से, जबकि डिप्टी मेयर पद की उम्मीदवार मोनिका पंत आनंद विहार वार्ड से पार्षद हैं. वहीं स्थायी समिति के लिए जय भगवान यादव बेगमपुर और मनीष चड्ढा पहाड़गंज वार्ड का प्रतिनिधित्व करते हैं. इसके साथ ही जय भगवान यादव को नेता सदन भी बनाया गया है.
उम्मीदवारों ने नामांकन दाखिल किया
दिल्ली नगर निगम में मेयर, डिप्टी मेयर और स्थायी समिति के चुनाव को लेकर भाजपा ने अपने उम्मीदवारों का नामांकन भी दाखिल कर दिया है. इस दौरान मौजूदा मेयर सरदार राजा इकबाल सिंह, शाहदरा साउथ जोन चेयरमैन राम किशोर शर्मा सहित कई भाजपा पार्षद मौजूद रहे और उम्मीदवारों का समर्थन किया.
नामांकन के बाद मेयर पद के उम्मीदवार प्रवेश वाही ने पार्टी नेतृत्व का आभार जताते हुए कहा कि उन्हें जो जिम्मेदारी दी गई है, उसे पूरी निष्ठा से निभाएंगे. उन्होंने कहा कि दिल्ली नगर निगम द्वारा चल रहे विकास कार्यों को आगे बढ़ाना उनकी प्राथमिकता होगी और शहर में स्वच्छता व्यवस्था को और मजबूत किया जाएगा.
वहीं डिप्टी मेयर पद की उम्मीदवार मोनिका पंत ने भी पार्टी नेतृत्व का धन्यवाद करते हुए कहा कि वह दिल्ली के लोगों की सेवा के लिए पूरी प्रतिबद्धता के साथ काम करेंगी. अब इन चुनावों में औपचारिक प्रक्रिया पूरी होने के बाद परिणाम घोषित किए जाएंगे.
कांग्रेस ने बदले सियासी समीकरण
दिल्ली नगर निगम के मेयर और डिप्टी मेयर चुनाव में कांग्रेस ने मैदान में उतरकर सियासी समीकरण बदल दिए हैं. आम आदमी पार्टी के चुनाव से पीछे हटने के बाद जहां भाजपा निर्विरोध जीत की उम्मीद कर रही थी, वहीं कांग्रेस ने उम्मीदवार उतारकर मुकाबले को दिलचस्प बना दिया.
कांग्रेस ने मेयर पद के लिए कबीर नगर वार्ड से हाजी जरीफ और डिप्टी मेयर पद के लिए मुबारकपुर वार्ड से राजेश कुमार गुप्ता का नामांकन दाखिल किया है. नामांकन के साथ ही कांग्रेस ने साफ कर दिया है कि वह चुनाव में वॉकओवर देने के पक्ष में नहीं है और विपक्ष की मजबूत भूमिका निभाएगी.
हाजी जरीफ ने कहा कि कांग्रेस लोकतांत्रिक प्रक्रिया को मजबूत करने के लिए चुनाव लड़ रही है. उन्होंने आरोप लगाया कि आम आदमी पार्टी ने चुनाव न लड़कर भाजपा को अप्रत्यक्ष समर्थन दिया है. उन्होंने सभी पार्षदों से अपील की कि वे कांग्रेस उम्मीदवारों को समर्थन दें.
कांग्रेस-बीजेपी में सीधा मुकाबला
वहीं राजेश कुमार गुप्ता ने आम आदमी पार्टी पर निशाना साधा और कहा कि चुनाव मैदान छोड़ना इस बात का संकेत है कि वह बीजेपी की B टीम बनती जा रही है. उन्होंने पार्षदों से दिल्ली के हित में मतदान करने की अपील की. कांग्रेस की इस एंट्री से अब मेयर और डिप्टी मेयर चुनाव में सीधा मुकाबला देखने को मिलेगा.
कांग्रेस ने मैदान में उतरकर बदले सियासी समीकरण
AAP का चुनावों में हिस्सा ना लेने का फैसला
इस बीच आम आदमी पार्टी ने इन चुनावों में हिस्सा नहीं लेने का फैसला किया है. ऐसे में पहले मुकाबला एकतरफा नजर आने लगा था और भाजपा उम्मीदवारों की जीत लगभग तय मानी जा रही थी.राजनीतिक जानकारों का मानना है कि विपक्ष के मैदान में न होने से चुनाव प्रक्रिया औपचारिकता भर रह जाएगी. आज नॉमिनेशन का आखिरी दिन था. ऐसे में नॉमिनेशन का वक्त खत्म होने के बाद आधिकारिक रूप से बीजेपी उम्मीदवारों के जीत तय मानी जा रही थी, लेकिन कांग्रेस की एंट्री से अब गेम दिलचस्प हो गया है.
आम आदमी पार्टी ने दिल्ली नगर निगम (एमसीडी) में एक बार फिर अंकुश नारंग पर भरोसा जताते हुए उन्हें दोबारा नेता प्रतिपक्ष की जिम्मेदारी सौंपी है. पार्टी के इस फैसले के बाद अंकुश नारंग ने शीर्ष नेतृत्व के प्रति आभार व्यक्त करते हुए भरोसा दिलाया कि वह पूरी निष्ठा और ईमानदारी के साथ जनता की आवाज सदन में उठाते रहेंगे. अंकुश नारंग ने कहा कि यह जिम्मेदारी उनके लिए केवल एक पद नहीं बल्कि दिल्ली की जनता के विश्वास का प्रतीक हैँ. उन्होंने कहा कि विपक्ष में रहते हुए आम आदमी पार्टी ने पिछले एक वर्ष में मजबूत और सकारात्मक भूमिका निभाई है और आगे भी भाजपा की नीतियों व कार्यप्रणाली को जनता के बीच उजागर करती रहेगी.
बता दें, बीजेपी ने जिन उम्मीदवारों को चयन किया है, उनमें प्रवेश वाही मौजूदा समय में दिल्ली नगर निगम के नेता सदन है, जबकि जय भगवान यादव डिप्टी मेयर है. इससे पहले जय भगवान यादव उप नेता सदन भी रह चुके हैं. वही मनीष चड्ढा स्वास्थ्य समिति के अध्यक्ष है. जिस तरीके से उन्हें अस्थाई समिति के सदस्य के तौर पर भाजपा ने भेजा है इससे अंदाजा लगाया जा रहा है कि स्थाई समिति के अध्यक्ष की जिम्मेदारी भाजपा मनीष चड्ढा को दे सकती है.