
संवाददाता
नई दिल्ली। रोहिणी सेक्टर-3 में बुजुर्ग की हत्या के मामले की जांच में पुलिस को साजिश की कई अहम कड़ियां मिली हैं। जांच में सामने आया है कि आरोपियों ने वारदात से पहले घर की रेकी की थी और करीब तीन दिन पहले भी लूट की कोशिश की थी, लेकिन कामयाब नहीं हो सके। इसके बाद दोबारा योजना बनाई गई। पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि घर में रखी रकम और प्रॉपर्टी की बिक्री से जुड़ी जानकारी आरोपियों तक कैसे पहुंची।
शुरू में जो मामला हत्या और लूटपाट की साजिश जैसा लग रहा था, वह असल में लालच और धोखे का मामला निकला। मंगलवार को हुई उनकी हत्या के पीछे उनकी पत्नी की भतीजी, सिमरन तनेजा का हाथ होने का पता चला, जो इस पूरी साजिश की मास्टरमाइंड थी।
CCTV और आरोपियों के आने-जाने के रास्ते खंगाल रही पुलिस
नर्दर्न रेंज के जॉइंट सीपी विजय सिंह के मुताबिक, 30 अगस्त को सिमरन तनेजा और उसके साथियों ने घर की रेकी की थी। इसके बाद आरोपियों ने दोबारा वारदात की योजना तैयार की। जांच में यह भी पता चला है कि साजिश में बुराड़ी की बाबा कॉलोनी स्थित एक जिम से जुड़े हिमांशु की भूमिका सामने आई है। पुलिस के अनुसार, हिमांशु जिम का मालिक है और फिलहाल फरार है। उसकी तलाश में संभावित ठिकानों पर दबिश दी जा रही है।
कई सीनियर अफसर थे टीम में

आरोपियों को पकड़ने के लिए स्पेशल सीपी लॉ एंड ऑर्डर देवेश चंद्र श्रीवास्तव, जॉइंट सीपी नर्दर्न रेंज विजय सिंह और डीसीपी रोहिणी शशांक जायसवाल के नेतृत्व में रोहिणी की एडिशनल डीसीपी तनुश्री, एसीपी रोहिणी बृज मोहन, एसएचओ साउथ रोहिणी इंस्पेक्टर उपेंद्र सिंह और स्पेशल स्टाफ इंस्पेक्टर संदीप गोदरा की टीम बनाई गई।
तीन गिरफ्तार, चौथे की तलाश
मामले की जांच के लिए रोहिणी पुलिस की कई टीमों को लगाया गया था। पुलिस ने सिमरन तनेजा, चिराग और पारस को गिरफ्तार किया है। पूछताछ में सिमरन को मुख्य साजिशकर्ता बताया गया है। चिराग जिम में ट्रेनर है, जबकि पारस 12वीं का छात्र है। पारस पहले मुखर्जी नगर थाने के एक मामले में भी शामिल रहा है। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से 72,400 रुपये और सोने की दो अंगूठियां बरामद की है। बाकी सामान की बरामदगी के लिए पूछताछ की जा रही है।
सोने के लिए वारदात को दिया गया अंजाम

पुलिस के मुताबिक, रोहिणी सेक्टर 3 में रहने वाले राकेश खन्ना ने हाल में ही 80 लाख रुपये में एक फ्लैट बेचा था और उस कैश को सोने में बदल लिया था। परिवार की दिनचर्या की पूरी जानकारी होने के कारण, 23 साल की प्राइमरी स्कूल टीचर सिमरन ने अपने जिम-ओनर बॉयफ्रेंड हिमांशु, ट्रेनर चिराग (22) और पारस (19) के साथ मिलकर खन्ना को लूटने की साजिश रची। पारस 12वीं क्लास का स्टूडेंट है और पहले मुखर्जी नगर के एक मामले में शामिल रह चुका है।
30 अगस्त को आरोपियों ने घर की रेकी की। मंगलवार को सिमरन ने अपनी मौसी यानी राकेश खन्ना की पत्नी और अन्य रिश्तेदारों को स्थानीय मेले में जाने के लिए राजी कर लिया। इससे खन्ना घर में अकेले रह गए। खन्ना हृदय रोगी भी थे।

सिमरन ने हासिल की थी डुप्लीकेट चाबी
जांच में सामने आया कि सिमरन ने फ्लैट के सेंट्रल लॉक की डुप्लीकेट चाबी हासिल कर ली थी। शाम करीब 7:30 बजे सिमरन और हिमांशु घर के बाहर निगरानी करने लगे, जबकि उनके साथी 22 वर्षीय चिराग और 19 वर्षीय पारस घर के अंदर दाखिल हुए। दोनों ने कथित तौर पर खन्ना की गला दबाकर हत्या कर दी और इसके बाद घर में रखे सोने की तलाश में अलमारियां और दराज खंगाल डालीं।
गला घोंटकर कर दी हत्या
चिराग और पारस घर की कम रोशनी वाली सीढ़ियों से ऊपर गए। उन युवा लोगों की अचानक और ज़बरदस्त हिंसा के सामने खन्ना के बचने का कोई मौका नहीं था। इससे पहले कि वे शोर मचा पाते, उन लोगों ने 60 साल के उस व्यक्ति का गला घोंटकर मार डाला।
हालांकि, खन्ना ने ज्यादातर सोना ऐसी जगह छिपाकर रखा था, जिसकी जानकारी परिवार के अन्य सदस्यों को भी नहीं थी। आरोपी करीब 1.5 लाख रुपये नकद और कुछ सोने के आभूषण ही ले जा सके।
मेले से लौटने पर खन्ना की पत्नी ने घर को अस्त-व्यस्त देखा और पति को फर्श पर बेहोश पाया। उन्होंने रात करीब 8:15 बजे पुलिस को सूचना दी। खन्ना को जयपुर गोल्डन अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया।



