
संवाददाता
नई दिल्ली । दिल्ली नगर निगम (एमसीडी) में प्रशासनिक स्तर पर बड़ा फेरबदल किया गया है. दिल्ली नगर निगम (एमसीडी) में नई संशोधित जोनल व्यवस्था के तहत पांच डिप्टी कमिश्नरों के तबादले और नई तैनाती के आदेश जारी किए गए हैं. निगम के डायरेक्टर (पर्सनल) की ओर से 11 अगस्त 2026 को जारी कार्यालय आदेश के मुताबिक सभी अधिकारियों की नई जिम्मेदारियां तत्काल प्रभाव से लागू होंगी. इन नियुक्तियों के साथ निगम के विभिन्न जोन में प्रशासनिक जिम्मेदारियों में बदलाव किया गया है.नए डिप्टी कमिश्नरों के सामने अपने-अपने जोन में सफाई व्यवस्था, अतिक्रमण, पार्किंग, नागरिक सुविधाओं और निगम से जुड़े अन्य कार्यों की प्रभावी निगरानी की जिम्मेदारी होगी.
डिप्टी कमिश्नर स्तर के पांच अधिकारियों के तबादले: जारी आदेश के अनुसार, IAS अधिकारी अजरुद्दीन जहीरुद्दीन क्वाजी को डिप्टी कमिश्नर (ईस्ट) नियुक्त किया गया है. आदेश में उनकी वर्तमान स्थिति ‘ऑन ज्वाइनिंग’ दर्ज थी. अब उन्हें ईस्ट जोन की प्रशासनिक जिम्मेदारी सौंपी गई है.
वहीं, IAS अधिकारी श्वेता नागरकोटी को डिप्टी कमिश्नर (नॉर्थ) बनाया गया है. वह इससे पहले पोस्टिंग का इंतजार कर रही थीं. नई जोनल व्यवस्था में उन्हें नॉर्थ जोन की जिम्मेदारी दी गई है. IAS अधिकारी आयुषी को डिप्टी कमिश्नर (सेंट्रल) नियुक्त किया गया है. इससे पहले वह डिप्टी कमिश्नर (Advertisement/R.P. Cell/Parking & CSD) के पद पर कार्यरत थीं. नई तैनाती के साथ उनकी जिम्मेदारी में बदलाव किया गया है.
इसके अलावा शशि प्रताप सिंह (IDAS) को डिप्टी कमिश्नर (नॉर्थ ईस्ट) नियुक्त किया गया है. इससे पहले वह सिविल लाइन जोन में डिप्टी कमिश्नर के पद पर तैनात थे. अब उन्हें नॉर्थ ईस्ट जोन की जिम्मेदारी सौंपी गई है. वहीं, बादल कुमार (ISS) को उनके मौजूदा दायित्वों के साथ डिप्टी कमिश्नर (Advertisement/R.P. Cell, CSD एवं Estate) का अतिरिक्त प्रभार दिया गया है. वह वर्तमान में डायरेक्टर (Printing & Stationery), Grievance Cell और Corruption Complaint Cell से जुड़े दायित्व संभाल रहे हैं.
निगम के लिए क्यों अहम है फेरबदल
एमसीडी में डिप्टी कमिश्नर स्तर की पोस्टिंग प्रशासनिक कामकाज के लिहाज से बेहद महत्वपूर्ण होती है. ये अधिकारी जोन स्तर पर निगम की विभिन्न सेवाओं और विभागों के बीच समन्वय के साथ-साथ नागरिक शिकायतों, सफाई व्यवस्था, अतिक्रमण, पार्किंग, संपत्ति प्रबंधन और दूसरे स्थानीय मुद्दों पर प्रशासनिक निगरानी रखते हैं.ईस्ट, नॉर्थ, सेंट्रल और नॉर्थ ईस्ट जैसे महत्वपूर्ण जोन में नई नियुक्तियों से स्थानीय स्तर पर कामकाज की प्राथमिकताएं बदल सकती हैं.



