latest-newsउत्तर प्रदेशएनसीआरगाज़ियाबाद

गाजियाबाद में नशा मुक्ति केंद्र से 52 मरीज फरार: बाथरूम में शव मिलने से मरीज डरे, केंद्र संचालक के अरेस्ट होते ही खिड़की तोड़ भागे

संवाददाता

गाजियाबाद। गाजियाबाद के लोनी क्षेत्र में नशा मुक्ति केंद्र से सोमवार को 52 मरीज खिड़की तोड़कर फरार हो गए। केंद्र में एक मरीज की मौत के बाद वे बुरी तरह डर गए थे। पुलिस जैसे ही केंद्र संचालक को गिरफ्तार करके लेकर गई तो मौका देख मरीज भाग निकले।

गोविंदपुरी (दिल्ली) निवासी ओमप्रकाश का गाजियाबाद में लोनी बॉर्डर थाना क्षेत्र की गुलाब वाटिका में नशा मुक्ति केंद्र है। इसका संचालन जीवनदान वेलफेयर सोसाइटी करती है। सोमवार दोपहर यहां से 52 मरीज फरार हो गए। केंद्र में कुल 67 मरीज भर्ती थे। स्टाफ के लोग जब केंद्र पर पहुंचे तो खिड़की उखड़ी हुई थी। मौजूद मिले कुछ मरीजों ने अन्य मरीजों के भागने की बात बताई।

लोनी बॉर्डर थाना पुलिस ने सोमवार को नशा मुक्ति केंद्र संचालक को गिरफ्तार किया था, जिसके बाद मरीज भाग निकले।
लोनी बॉर्डर थाना पुलिस ने सोमवार को नशा मुक्ति केंद्र संचालक को गिरफ्तार किया था, जिसके बाद मरीज भाग निकले।

बाथरूम में खिड़की से लटका मिला था शव
लोनी बॉर्डर थाना प्रभारी डॉ. रामसेवक ने बताया कि शनिवार को इस नशा मुक्ति केंद्र में रोहतक (हरियाणा) निवासी धर्मेंद्र का शव बाथरूम की खिड़की से लटका मिला था। संभवत: ये सुसाइड केस था। इस केस से मरीज डर गए थे, जैसा अन्य मरीजों ने बताया है।

बिना डिग्री चल रहा था ये सेंटर
स्वास्थ्य विभाग ने इस मौत के बाद नशा मुक्ति केंद्र की जांच की। पता चला कि केंद्र संचालक ओमप्रकाश पर केंद्र चलाने की डिग्री, लाइसेंस जैसा कुछ नहीं था। अवैध संचालन पर पुलिस ने ओमप्रकाश को सोमवार को ही गिरफ्तार किया था। पुलिस जैसे ही केंद्र संचालक को वहां से लाई, उसके कुछ देर बाद ही 52 मरीज भाग गए। थाना प्रभारी ने बताया कि मरीजों के परिजनों से संपर्क किया जा रहा है।

विवादित रहते हैं नशा मुक्ति केंद्र

  • मार्च-2023 में गाजियाबाद में ट्रोनिका सिटी क्षेत्र स्थित खानपुर गांव के नशा मुक्ति केंद्र में भर्ती दिल्ली के अंकित बत्रा की पीट-पीटकर हत्या कर दी गई थी। पुलिस ने इस मामले में केंद्र संचालक पर एफआईआर की और जेल भी गए थे।
  • 9 मार्च 2023 को ग्रेटर नोएडा के सेक्टर-112 स्थित नशा मुक्ति केंद्र में मेरठ के इंद्रजीत सिंह की हत्या कर दी गई थी।
  • मार्च-2023 में गाजियाबाद के ट्रोनिका सिटी स्थित नशा मुक्ति केंद्र संचालक पर एक मरीज की पत्नी से छेड़छाड़ करने का आरोप लगा था। इसमें भी FIR हुई थी।
  • 25 नवंबर 2022 को ट्रोनिका सिटी थाना क्षेत्र स्थित गांव हरमनपुर के जंगल में ‘न्यू सेलेन्पी फाउंडेशन’ नाम से एक नशा मुक्ति केंद्र से 40 मरीज फरार हो गए थे।
  • 3 जुलाई 2021 को मुरादनगर थाना क्षेत्र के गांव असालनगर स्थित नशा मुक्ति केंद्र की खिड़की तोड़कर 14 मरीज भाग गए थे। मरीजों का कहना था कि 1 जुलाई 2021 को एक मरीज की मौत हो जाने से वे घबरा गए थे और इस वजह से भाग गए थे।
  • अक्तूबर 2019 में गाजियाबाद के एक नशा मुक्ति केंद्र संचालक साबिर खान की मरीजों ने पीट-पीटकर हत्या कर दी थी। आरोप था कि वो मरीजों से अभद्रता से पेश आता था। अच्छा खाना नहीं देता था।
अक्तूबर-2019 में इसी नशा मुक्ति केंद्र के अंदर मरीजों ने केयर टेकर की पीट-पीटकर हत्या कर दी थी।
अक्तूबर-2019 में इसी नशा मुक्ति केंद्र के अंदर मरीजों ने केयर टेकर की पीट-पीटकर हत्या कर दी थी।

डॉक्टर-काउंसलर नहीं, बाउंसर चला रहे
ज्यादातर नशा मुक्ति केंद्रों के पास डॉक्टर और काउंसलर नहीं हैं। इन्हें बाउंसर ही चला रहे हैं। ये बाउंसर मरीजों से अच्छा व्यवहार नहीं करते। उनके साथ अभद्रता और मारपीट करते हैं। इन केंद्रों में ज्यादातर मरीजों को एक ही कमरे में रखा जाता है। नशा छुड़ाने के नाम पर उन्हें फर्श पर सुलाया जाता है। मरीज विरोध करता है तो बाउंसर उसकी पिटाई तक करते हैं। मरीजों की मानसिक स्थिति सही करने के लिए उनकी समय पर काउंसिलिंग भी नहीं होती। यही वजह है कि आए दिन नशा मुक्ति केंद्रों से मरीजों के भागने के मामले सामने आते रहते हैं।

ज्यादातर केंद्रों का रजिस्ट्रेशन ही नहीं
नशा मुक्ति केंद्र संचालन के लिए भारत सरकार के सामाजिक न्याय और अधिकारिता मंत्रालय से मान्यता होनी चाहिए। जबकि इसका रजिस्ट्रेशन राज्य सरकार के मद्य निषेध विभाग में होना चाहिए। गाजियाबाद में ज्यादातर नशा मुक्ति केंद्र रजिस्टर्ड ही नहीं हैं। जिन्होंने रजिस्ट्रेशन कराया हुआ है, वे भी मानक पूरे नहीं कर रहे। लोनी, ट्रांस हिंडन और ट्रॉनिका सिटी क्षेत्र में सबसे ज्यादा अवैध केंद्र संचालित हो रहे हैं।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button
WP2Social Auto Publish Powered By : XYZScripts.com