
विशेष संवाददाता
नई दिल्ली । अगर आप दिल्ली में रहते हैं और पानी का बिल समय पर नहीं भरते हैं तो अब ऐसा करना बंद कर दें, वरना आपको परेशानी उठानी पड़ेगी. दिल्ली जल बोर्ड अब समय पर बकाया पानी का बिल नहीं जमा करने वाले उपभोक्ताओं का कनेक्शन काटने की तैयारी कर रहा है. दिल्ली के जल मंत्री प्रवेश वर्मा ने कहा कि दिल्ली में पानी की समस्या को दूर करने के लिए समर एक्शन प्लान पूरी तरह से तैयार है. सरकार लगातार समीक्षा कर रही है और जल आपूर्ति सुचारू रखने के लिए हर क्षेत्र में नोडल अफसरों की तैनाती की जा रही है.
28 लाख उपभोक्ता जिनके नाम पानी का कनेक्शन
दिल्ली में करीब 28 लाख उपभोक्ता हैं जिनके नाम पानी का कनेक्शन है. मंत्री प्रवेश वर्मा ने कहा कि इस हिसाब से पड़ोसी राज्यों से दिल्ली को मिलने वाला पानी अभी पर्याप्त है. लेकिन इसका प्रबंधन ठीक नहीं है. इसी का नतीजा है कि दिल्ली के हर इलाके में पानी को लेकर परेशानी होती है. नई सरकार इसी को दुरुस्त करने जा रही है. पानी के लीकेज रोकने से आबादी के हिसाब से उस इलाके में पर्याप्त पानी आपूर्ति की जा रही है या नहीं यह सब मॉनिटरिंग की जा रही है. “हर दूसरे-तीसरे दिन मीटिंग कर रहे हैं ताकि यह पता चल सके कि कहां क्या स्थिति बनी हुई है, क्या शिकायतें आ रही हैं और हमारी तैयारियां कैसी हैं.”

11 लाख करीब ऐसे उपभोक्ता जिन्होंने सालों से नहीं किया भुगतान
इसी कड़ी में यह भी देखने मे आया है कि जल बोर्ड के आंकड़ों के अनुसार 11 लाख से करीब ऐसे उपभोक्ता हैं जो वर्षों से पानी के बिल का भुगतान नहीं किया है. ऐसे उपभोक्ताओं को अब नोटिस भेज बिल जमा करने को कहा जाएगा, अगर वे बिल का भुगतान नहीं करते हैं तो उनका कनेक्शन काट दिया जाएगा. जल बोर्ड के अधिकारियों के अनुसार 11 लाख ऐसे उपभोक्ता हैं जिनपर करीब 5700 करोड़ रुपये बकाया है. बिजली कंपनियों ने जिनको कनेक्शन दिया है, उनसे आंकड़ा लेकर प्रत्येक घरों का सर्वे किया जाए. ताकि यह पता चल सके कि पानी के उपभोक्ताओं की वास्तविक संख्या कितनी है. उसी के हिसाब से फिर कार्रवाई शुरू होगी. ऐसे में जल बोर्ड का राजस्व काफी बढ़ सकता है.

बिजली कंपनियों की तरह मीटर के पास लगाई जाएगी मशीन
दिल्ली सरकार के जलमंत्री प्रवेश वर्मा ने कहा कि पानी के वितरण को लेकर कोई भेदभाव न हो, इसे सुनिश्चित करने के लिए हर क्षेत्र में नोडल अफसर तैनात किए जा रहे हैं. नोडल अफसरों को जिम्मेदारी दी गई है कि वे अपने-अपने क्षेत्रों में जल आपूर्ति की निगरानी करें और किसी भी समस्या की रिपोर्ट सीधे हमें दें.
भुगतान के लिए पाइप लाइनों के वॉल्व लगाने की योजना
जल बोर्ड के अधिकारियों ने बताया कि पानी के बकाया बिलों का समय पर भुगतान के लिए पाइप लाइनों के वॉल्व पर एक सिस्टम लगाने की बात की जा रही है, ताकि किसी भी उपभोक्ता का पानी का बिल अधिक समय से बकाया है, तो उसका कनेक्शन अधिकारी ऑफिस में बैठे ही काट दें. यह पहले व्यवसायिक इस्तेमाल के लिए पानी का कनेक्शन लेने वालों पर लागू किया जाएगा, फिर अन्य उपभोक्ताओं पर. उन्होंने कहा कि दिल्ली के कई इलाकों में जल स्तर अच्छा है, और जहां मीठा पानी उपलब्ध है, वहां अधिक ट्यूबवेल लगाए जा रहे हैं.

दिल्ली में पानी की स्थिति
दिल्ली को हरियाणा और उत्तर प्रदेश के गंगनहर से पानी वॉटर ट्रीटमेंट प्लांट को उपलब्ध होता है. हरियाणा से दिल्ली को रोजाना 1012 क्यूसेक पानी मिलता है. 140 एमजीडी के आसपास पानी उत्तर प्रदेश के मुरादनगर से गंगनहर के जरिए आता है. दिल्ली में 200 से अधिक जलाशय हैं. लेकिन इनमें से जल बोर्ड को कितना ग्राउंड वाटर रिचार्ज होकर पानी मिलता है, इसका कोई ठोस आंकड़ा ही आज तक उपलब्ध नहीं है.